अंतरराष्ट्रीय अटारी बाघा बार्डर घूमने का मन बना रहे है तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी
एक बार फिर बदला समय
चंडीगढ, 16 मई (विश्ववार्ता) भारत-पाकिस्तान को विभाजित करने वाली अंतरराष्ट्रीय अटारी सीमा पर हजारों लोग प्रतिदिन रिट्रीट समारोह देखने पहुंचते हैं। इस रिट्रीट सेरेमनी को लेकर एक अहम खबर मिली है।
जानकारी के मुताबिक अब रिट्रीट सेरेमनी के समय में बदलाव किया गया है। बी.एस.एफ. के अधिकारियों का कहना है कि भीषण गर्मी के कारण रिट्रीट सेरेमनी का समय बदलकर शाम 6 बजे कर दिया गया है। आपको बता दें कि पहले रिट्रीट सेरेमनी का समय शाम 5.30 बजे था। जवानों ने पर्यटकों को सूचित किया है कि वे सेरेमनी देखने के लिए निर्धारित समय से पहले अटारी सीमा पर पहुंचे।
अमृतसर की कोई भी यात्रा वाघा-अटारी सीमा पर जाए बिना पूरी नहीं होती, जो भारत और पाकिस्तान को अलग करने वाली भौगोलिक सीमा है। हर दिन सीमा पर एक विशेष रिट्रीट समारोह आयोजित किया जाता है, जो किसी मंत्रमुग्ध कर देने वाले कार्यक्रम से कम नहीं है। अमृतसर से सैकड़ों नागरिक और पर्यटक प्रतिदिन इसे देखने के लिए वाघा बॉर्डर पर आते हैं।
दिन भर के लिए सीमा बंद होने का संकेत देने के लिए यहां अनुशासित, संतुलित सेना के जवानों को उनकी वर्दी और शानदार हेडगियर में प्रदर्शन करते हुए देखना एक ऐसा अनुभव है जिसे अमृतसर में आने वाला लगभग हर आगंतुक चाहता है। इसलिए, यदि आप स्वर्ण मंदिर, जलियांवाला बाग, ढाबों, बाजारों आदि को देखने के लिए अमृतसर की यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो वाघा-अटारी सीमा पर रिट्रीट समारोह को देखने के लिए अपने यात्रा कार्यक्रम में पर्याप्त जगह आरक्षित करें।
























