Punjab में मानसून कमजोर: चार थर्मल यूनिट बंद होने से उत्पादन ठप
उद्योगों में 5 घंटे के कट
चंडीगढ़, 1 सितंबर (विश्व वार्ता): कम बारिश के कारण राज्य के मुख्य डैम में पानी का लेवल और इनफ्लो लगातार कम हो रहा है, जिसका असर हाइडल पावर जेनरेशन पर भी पड़ रहा है। बिजली की बढ़ती डिमांड को पूरा करने के लिए पावरकॉम को बाहर से महंगी बिजली खरीदनी पड़ रही है। इसके साथ ही, पीक लोड के दौरान इंडस्ट्रीज़ को 5 घंटे तक के पावर कट का सामना करना पड़ रहा है।
बिजली की डिमांड बढ़ने से राज्य में बिजली संकट की स्थिति पैदा हो गई है। राज्य में 5 थर्मल यूनिट बंद होने से पावर सप्लाई पर असर पड़ा है। जानकारी के मुताबिक, पंजाब में बिजली की डिमांड 15,725 मेगावाट (MW) तक पहुंच गई है। बिजली की डिमांड बढ़ने के कारण लुधियाना, खन्ना, मोहाली और मंडी गोबिंदगढ़ के इंडस्ट्रियल एरिया में करीब साढ़े 4 घंटे तक पावर कट रहने की जानकारी है। पावर कट के कारण इंडस्ट्रियल यूनिट्स के कामकाज पर असर पड़ा है और प्रोडक्शन पर भी असर पड़ने की संभावना है। Power crisis in Punjab! 5 thermal units shut down
जानकारी के मुताबिक, लहरा मोहब्बत थर्मल प्लांट की यूनिट नंबर 1, 3 और 4 बंद हैं। वहीं, रोपड़ थर्मल प्लांट की यूनिट नंबर 5 और 6 भी बंद हो गई हैं। बताया जा रहा है कि सभी बंद यूनिट 10 सितंबर तक फिर से चालू होने की संभावना है। अगर इस दौरान बिजली की डिमांड बढ़ती है और मौसम में सुधार नहीं होता है, तो अगले दो हफ्तों तक पंजाब में बिजली उत्पादन पर दबाव बना रह सकता है।
इस वजह से आने वाले दिनों में इंडस्ट्रियल सेक्टर समेत दूसरे कंज्यूमर्स को भी पावर कट का सामना करना पड़ सकता है। गर्मी और बिजली की बढ़ती डिमांड के बीच पंजाब में 5 थर्मल यूनिट बंद होने से पावरकॉम के लिए बिजली सप्लाई का बैलेंस बनाए रखना एक चुनौती बन गया है।
और खबरें पढ़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें: https://wishavwarta.in/
























