
भारत की 19 साल की युवा शतरंज खिलाड़ी दिव्या देशमुख ने रच दिया इतिहास
पहली भारतीय महिला बनीं चेस वर्ल्ड कप चैंपियन
चंडीगढ़, 29 जुलाई (विश्ववार्ता) भारत की 19 साल की युवा शतरंज खिलाड़ी दिव्या देशमुख ने इतिहास रच दिया है। उन्होंने महिला चेस वर्ल्ड कप 2025 का खिताब अपने नाम कर लिया। यह टूर्नामेंट जॉर्जिया के बाटुमी में हुआ था। दिव्या ने फाइनल में भारत की ही अनुभवी खिलाड़ी कोनेरू हंपी को हराकर यह जीत हासिल की।
इस खिताब को जीतते ही दिव्या देशमुख चेस वर्ल्ड कप जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बन गईं। इससे पहले कभी भी कोई भारतीय महिला खिलाड़ी यह खिताब नहीं जीत सकी थी।
खिताब जीतने के साथ ही दिव्या ने ग्रैंडमास्टर बनने की सभी शर्तें पूरी कर ली हैं। वह अब भारत की चौथी महिला ग्रैंडमास्टर बन जाएंगी। उन्होंने यह उपलब्धि भारत की ही पहली महिला ग्रैंडमास्टर कोनेरू हंपी को हराकर हासिल की।
कोनेरू हंपी जहां 38 साल की अनुभवी खिलाड़ी हैं, वहीं दिव्या सिर्फ 19 साल की हैं। फाइनल मैच में जब टाईब्रेक हुआ, तो माना जा रहा था कि अनुभव वाली खिलाड़ी (हंपी) को फायदा मिलेगा। लेकिन दिव्या ने सभी को चौंकाते हुए बेहतर चालें चलीं और जीत हासिल की।





















