दिव्यांगों की फाइनेंशियल सिक्योरिटी के लिए सरकार कमिटेड; मौजूदा फाइनेंशियल ईयर में 125 करोड़ रुपये से ज़्यादा जारी किए गए: Dr. Baljit Kaur
कमज़ोर तबकों का आर्थिक सशक्तिकरण और उन्हें इज्ज़तदार ज़िंदगी देना सरकार की मुख्य प्राथमिकता
अधिकारियों को सख्त निर्देश: दिव्यांगों को फाइनेंशियल मदद में कोई देरी नहीं होगी
चंडीगढ, 23 जून, 2026 (विश्ववार्ता)“हमारी सरकार का मुख्य मकसद सिर्फ़ सरकारी स्कीम चलाना नहीं है, बल्कि समाज के हर ज़रूरतमंद और दिव्यांग व्यक्ति तक समय पर पहुंचकर उनकी ज़िंदगी आसान बनाना है।” यह बात सोशल सिक्योरिटी, महिला और बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने दिव्यांगों की भलाई के लिए डिपार्टमेंट द्वारा किए जा रहे कामों की प्रोग्रेस शेयर करते हुए कही।
डिपार्टमेंट की उपलब्धियों की जानकारी देते हुए डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने मई-2026 तक दिव्यांग व्यक्तियों को फाइनेंशियल मदद के तौर पर 125 करोड़ रुपये से ज़्यादा जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि यह आंकड़ा कमज़ोर वर्गों के प्रति सरकार की हमदर्दी और उनके अधिकारों को प्राथमिकता देने के उसके पक्के इरादे को साफ़ दिखाता है।
कैबिनेट मंत्री ने आगे बताया कि राज्य सरकार ने मौजूदा फाइनेंशियल ईयर 2026-27 के दौरान इस नेक काम को लगातार जारी रखने के लिए पहले ही 498 करोड़ रुपये की बड़ी रकम का खास प्रावधान (बजट) किया है। उन्होंने बताया कि राज्य के 2.83 लाख से ज़्यादा लाभार्थियों को इस जनहितैषी स्कीम का सीधा फ़ायदा मिल रहा है, ताकि उन्हें पैसे के लिए किसी पर निर्भर न रहना पड़े। Government committed to financial security of disabled persons; More than 125 crore rupees have been released in the current financial year
**उन्होंने बताया कि वे दिव्यांग लोग इस स्कीम का फ़ायदा उठाने के लिए योग्य होंगे, जिनकी सालाना इनकम 60,000 रुपये या उससे कम है। इसके साथ ही, आवेदक कम से कम 50 प्रतिशत दिव्यांग की कैटेगरी में आना चाहिए और अपनी रोज़ी-रोटी कमाने में असमर्थ होना चाहिए।**
डॉ. बलजीत कौर ने खास तौर पर बताया कि मान सरकार का ‘रंगला पंजाब’ बनाने का सपना तभी पूरा हो सकता है, जब राज्य का हर नागरिक खुश और सुरक्षित महसूस करे। उन्होंने कहा कि जब समाज के सबसे कमज़ोर और दिव्यांग लोगों के चेहरे पर मुस्कान आएगी और वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनेंगे, तभी सही मायने में एक समावेशी और ‘रंगला पंजाब’ बनाया जा सकेगा।
उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि दिव्यांगों को आर्थिक मदद एक बहुत ही संवेदनशील मुद्दा है। इसलिए, विभाग के सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि लाभार्थियों को आर्थिक मदद हर महीने बिना किसी देरी के समय पर जारी की जाए, ताकि किसी भी व्यक्ति को अपनी रोज़मर्रा की ज़रूरतों के लिए परेशान न होना पड़े।
और खबरें पढ़ने के लिए दिए गए लिंक पर क्लिक करें: https://wishavwarta.in/























