
सर्तकता व जागरूकता द्वारा बचा सकता है साइबर क्राइम से
पढिये किस तरह बचा जा सकता है साइबर क्राईम से
चंडीगढ़ पुलिस बताएगी सुरक्षा टिप्स और बचने के उपाय
चंडीगढ, 20 जुलाई (विश्ववार्ता) भारत में साइबर क्राइम का बढ़ता खतरा एक बड़ी चुनौती है। एआई के आने के बाद से तो साइबर क्राइम और नेक्स्ट लेवल पर पहुंच गया है। ऑनलाइन ठगी के हैरान करने वाले मामले सामने आ रहे हैं। इसलिए बेहतर यही होगा कि लोग साइबर क्राइम से बचाव के उपाय जाने लें ताकि उन्हें कोई नुकसान न उठाना पड़े। चंडीगढ़ में साइबर क्राइम से ही बचाव को लेकर एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित होने जा रहा है। इस कार्यक्रम से जुडक़र लोग साइबर क्राइम से बचने की जानकारी ले सकते हैं।
चंडीगढ़ की सेकंड इनिंग्स एसोसिएशन 19 जुलाई को महात्मा गांधी स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन, सेक्टर 26, चंडीगढ़ में साइबर धोखाधड़ी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर रही है। यह कार्यक्रम शाम 4:00 बजे से 6:00 बजे तक होगा और इसका उद्देश्य नागरिकों, विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों को इस डिजिटल युग में अपनी सुरक्षा के लिए आवश्यक जानकारी प्रदान करना होगा। चंडीगढ़ पुलिस की साइबर क्राइम सेल और वित्तीय विशेषज्ञ साइबर क्राइम को लेकर लोगों को जागरूक करेंगे और इससे बचने के तरीके बताएँगे।
जागरूकता कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोग ऑनलाइन बैंकिंग धोखाधड़ी, निवेश घोटालों और वित्तीय फिशिंग योजनाओं को पहचानने और उनसे बचने के व्यावहारिक उपाय सीखेंगे। चंडीगढ़ पुलिस की साइबर क्राइम सेल का एक अधिकारी नवीनतम साइबर अपराध रुझानों और सुरक्षा उपायों पर प्रस्तुति देगा, जबकि आरबीआई और सेबी के अधिकारी डिजिटल वित्त और निवेश मंचों से संबंधित धोखाधड़ी पर ध्यान केंद्रित करेंगे।
यह पहल 14 जुलाई को चंडीगढ़ के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई राज्य स्तरीय समन्वय समिति की बैठक की सिफारिश पर आधारित है। डिजिटल सेवाओं पर बढ़ती निर्भरता के साथ, यह कार्यक्रम साइबर खतरों के खिलाफ जागरूकता को पहली रक्षा रेखा के रूप में रेखांकित करता है। सेकंड इनिंग्स एसोसिएशन ने सभी वरिष्ठ नागरिकों और संबंधित व्यक्तियों से इस महत्वपूर्ण सेमिनार में भाग लेने की अपील की है,चंडीगढ़ पुलिस ने भी निवासियों से इस महत्वपूर्ण पहल में शामिल होकर साइबर अपराध के खिलाफ खड़े होने का आग्रह किया है।






















