
Bhagwant Maan Govt ने नशों की समस्या से निपटने के लिए ‘war against drugs’’ के तहत 200 कॉलेजों के फैकल्टी सदस्यों को दी ट्रेनिंग
‘युद्ध नशेयाँ विरुद्ध’ के दूसरे चरण के दौरान पंजाब के कॉलेजों में करवाई क्षमता निर्माण वर्कशॉप
नशा मुक्त कैंपस सुनिश्चित करने के लिए पंजाब सरकार द्वारा राज्य स्तरीय फैकल्टी जागरूकता अभियान की शुरुआत
‘युद्ध नशेयाँ विरुद्ध’ पंजाब सरकार ने कॉलेज स्तर की ट्रेनिंग कार्यक्रमों के द्वारा रोकथाम प्रयासों को मजबूती दी
चंडीगढ़, 31 जनवरी,(विश्ववार्ता) war against drugs’’ पंजाब सरकार की ‘युद्ध नशेयाँ विरुद्ध’ पहल के तहत पूरे राज्य के 200 सरकारी और सहायता प्राप्त कॉलेजों के फैकल्टी सदस्यों के लिए क्षमता निर्माण और जागरूकता वर्कशॉपों का आयोजन किया गया।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में लागू किए जा रहे ‘युद्ध नशेयाँ विरुद्ध’ के दूसरे चरण के हिस्से के रूप में पंजाब भर के लगभग 200 कॉलेजों के नोडल प्रोफेसरों ने 20 जनवरी से 30 जनवरी तक चार जिलों में आयोजित एक-दिवसीय वर्कशॉपस में भाग लिया। ये वर्कशॉपें उच्च शिक्षा विभाग, पंजाब द्वारा डॉ. बी.आर. अंबेडकर स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एआईएमएस) मोहाली के डेटा इंटेलिजेंस और टेक्निकल सपोर्ट यूनिट के सहयोग से आयोजित की गईं।
ये वर्कशॉपें सतीश चंद्र धवन सरकारी कॉलेज, लुधियाना; महिंद्रा कॉलेज, पटियाला; राजिंद्रा कॉलेज, बठिंडा; और जालंधर कॉलेज ऑफ एजुकेशन में आयोजित की गईं।
पटियाला के महिंद्रा कॉलेज में आयोजित वर्कशॉप में पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने विशेष रूप से भाग लिया, जहां उन्होंने युवाओं में नशों के सेवन की समस्या के समाधान और मानसिक स्वास्थ्य सहायता प्रणालियों को मजबूत करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया।
इन सत्रों के दौरान युवाओं में नशों के सेवन के बारे में चर्चा करने और कैंपस में मानसिक तंदुरुस्ती को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न रणनीतियों पर सहयोग के लिए मनोचिकित्सक विशेषज्ञों और मानसिक स्वास्थ्य पेशेवरों द्वारा नोडल प्रोफेसरों के साथ चर्चा की गई। इन वर्कशॉपों के दौरान छात्रों के आत्म-नुकसान और नशों के सेवन से संबंधित समस्याओं को उजागर करते हुए शिक्षकों और प्रशासकों को इनकी शुरुआत में ही पहचान करने, सहानुभूति के साथ व्यवहार करने और उचित सहायता प्रणालियों के बारे में जागरूक किया गया। इन ट्रेनिंग सत्रों के दौरान मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों और प्रोफेसरों ने युवाओं के सामने आने वाली चुनौतियों और सत्र के दौरान पूछे गए विभिन्न सवालों के समाधान के लिए अपनी समझ, अनुभव और व्यावहारिक ज्ञान को साझा किया। साथ ही, पिछले साल दिसंबर में एस.एम.एच.एस. सरकारी कॉलेज, मोहाली में हुए राज्य स्तरीय ट्रेनिंग सत्र के दौरान प्रस्तुत बिंदुओं और समाधानों पर भी पुनर्विचार किया गया।
पंजाब सरकार पिछले सप्ताह से कम्युनिटी वॉलंटियर्स के नेतृत्व में राज्य के विभिन्न क्षेत्रों और गांवों में जागरूकता पैदल मार्च भी करवा रही है और इन पहलों को लोगों से बड़ा समर्थन मिल रहा है।
‘युद्ध नशेयाँ विरुद्ध’ के दूसरे चरण के दौरान पंजाब सरकार राज्य को नशा मुक्त बनाने के उद्देश्य से विभिन्न पहलें कर रही है। इसलिए ऐसी क्षमता निर्माण ट्रेनिंग वर्कशॉपें या सैशन नशों की मांग को कम करने, युवाओं को सशक्त बनाने और रोकथाम प्रयासों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। war against drugs’’
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